Adi Irani का नाम आज की पीढ़ी के लिए भले ही नया हो, लेकिन 90 के दशक की हिंदी फिल्मों के दर्शक उन्हें अच्छी तरह जानते हैं। ‘बाज़ीगर’ (1993) में शाहरुख़ ख़ान के किरदार विक्की मल्होत्रा के दोस्त की भूमिका निभाने वाले आदि ईरानी ने हाल ही में दिए एक इंटरव्यू में अपने संघर्ष के दिनों की ऐसी कहानी सुनाई, जो बॉलीवुड की चमक-दमक के उस पार की हकीकत बयान करती है। एबीपी न्यूज़ की रिपोर्ट के मुताबिक आदि ने बताया कि काम पाने के लिए वह दर-दर भटके, और एक वक़्त ऐसा भी आया जब उनकी नवजात बेटी के लिए 5 रुपये के दूध के पैसे तक उनके पास नहीं थे।
Adi Irani ने इंटरव्यू में कहा कि फिल्मों में काम पाने के लिए उन्हें बार-बार ऑडिशन देने पड़ते थे, लेकिन पैसों की तंगी के चलते कई बार दोस्तों से उधार लेकर जाना पड़ता था। काम की तलाश में जाने के लिए वह दोस्त का स्कूटर उधार लेते थे, मगर पेट्रोल भरवाने के पैसे तक नहीं होते थे। कई बार वह बस स्टॉप तक पैदल जाते थे और वहां खड़े होकर बहाना बनाते थे कि किसी दोस्त का इंतज़ार कर रहे हैं। फिल्मों में काम की खबरें जानने के लिए उन्हें नज़दीक के पीसीओ जाना पड़ता था, जहां हर कॉल या मैसेज के लिए 1 रुपया देना पड़ता था। यह वह दौर था जब वह लगातार काम की तलाश में थे और हर छोटा खर्च उनके लिए बड़ी चुनौती था।
संघर्ष के सबसे कठिन दिन
सबसे भावुक कर देने वाला किस्सा 1995 का है। Adi Irani ने बताया कि उस साल उनकी पहली बेटी का जन्म हुआ था। उस समय दूध की कीमत सिर्फ 5 रुपये थी, लेकिन कई बार उनके पास इतने भी पैसे नहीं होते थे कि बच्ची के लिए दूध ले सकें। यह वह वक़्त था जब वह एक नवजात बच्ची के पिता थे और साथ ही फिल्मों में अपनी जगह बनाने की जद्दोजहद में लगे थे। इंटरव्यू में यह बताते हुए उन्होंने अपने संघर्ष के उन दिनों को याद किया, जिन्हें सुनकर कोई भी भावुक हो जाए। आदि के इस इंटरव्यू को बॉलीवुड लाइफ ने भी कवर किया है।
गौर करने वाली बात यह है कि आदि ईरानी फिल्मी परिवार से ताल्लुक रखते हैं — उनकी बहन अरुणा ईरानी हिंदी सिनेमा की जानी-मानी अभिनेत्री रही हैं और भाई इंद्र कुमार जाने-माने निर्देशक-निर्माता हैं। Adi Irani के मुताबिक अरुणा को उनके हालात का पता था और उन्होंने कई बार मदद की पेशकश की, लेकिन आदि ने हर बार मना कर दिया। वह अपने दम पर संघर्ष करना चाहते थे।
एबीपी न्यूज़ की रिपोर्ट के मुताबिक Adi Irani ने अक्षय कुमार और शाहरुख़ खान जैसे सितारों के साथ भी काम किया। ‘अनाड़ी नंबर 1’ (1999) में वह मुख्य खलनायक की भूमिका में थे, जिसमें गोविंदा मुख्य भूमिका में थे।
टाइमलाइन: Adi Irani के करियर के अहम पड़ाव
- 1978 — फिल्म ‘त्रिश्ना’ से अभिनय करियर की शुरुआत।
- 1990-1992 — ‘दिल’ (1990) और ‘बीटा’ (1992) जैसी कामयाब फिल्मों में सहायक भूमिकाएं।
- 1993 — ‘अनाड़ी’ और ‘बाज़ीगर’ रिलीज़। ‘बाज़ीगर’ में शाहरुख़ ख़ान के किरदार विक्की मल्होत्रा के दोस्त की भूमिका से पहचान मिली।
- 1995 — पहली बेटी का जन्म; आर्थिक संघर्ष का सबसे कठिन दौर — 5 रुपये के दूध के लिए तरसने की याद।
- 1999 — ‘बादशाह’ और ‘अनाड़ी नंबर 1’ में अहम भूमिकाएं; ‘अनाड़ी नंबर 1’ में मुख्य खलनायक बने।
- 2013 — टीवी शो ‘प्रधानमंत्री’ में वी. पी. मेनन की भूमिका।
- 2026 — इंटरव्यू में संघर्ष के दिनों का खुलासा; एबीपी न्यूज़ पर खबर सामने आई।
Adi Irani की प्रमुख फिल्में
नीचे उनकी प्रमुख फिल्मों की सूची दी गई है (पूरी फिल्मोग्राफी विकिपीडिया पर उपलब्ध है)।
| फिल्म | साल | भूमिका / नोट |
|---|---|---|
| त्रिश्ना | 1978 | अभिनय की शुरुआत |
| अनाड़ी | 1993 | सहायक अभिनेता |
| बाज़ीगर | 1993 | विक्की मल्होत्रा के दोस्त |
| बादशाह | 1999 | सहायक अभिनेता |
| अनाड़ी नंबर 1 | 1999 | मुख्य खलनायक |
| वेलकम | 2007 | सहायक अभिनेता |
| ए थर्सडे | 2022 | सहायक अभिनेता |
इसका मतलब क्या है?
Adi Irani की कहानी 90 के दशक के उन सहायक कलाकारों की हकीकत दिखाती है, जो बड़ी फिल्मों का हिस्सा तो थे, लेकिन आर्थिक सुरक्षा से कोसों दूर थे। ‘बाज़ीगर’ जैसी सुपरहिट फिल्म के बाद भी उन्हें रोज़मर्रा के खर्चों के लिए जूझना पड़ा — पर्दे की सफलता और असल ज़िंदगी की स्थिरता में बड़ा फासला हो सकता है, यही इस कहानी का सबसे बड़ा सबक है। फिल्मी परिवार से होने के बावजूद आदि ने मदद लेने से इनकार किया और अपने दम पर टिके रहे। 1978 से 2022 तक — चार दशक से ज़्यादा का उनका करियर इस बात का सबूत है कि लगन और स्वाभिमान से लंबी पारी खेली जा सकती है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
प्रश्न: Adi Irani कौन हैं?
उत्तर: आदि ईरानी हिंदी फिल्मों के अभिनेता हैं (1978 से सक्रिय)। वह अभिनेत्री अरुणा ईरानी के भाई और निर्देशक इंद्र कुमार के भाई हैं। ‘बाज़ीगर’ में शाहरुख़ ख़ान के दोस्त की भूमिका उनकी चर्चित भूमिकाओं में से एक है।
प्रश्न: उन्होंने संघर्ष के बारे में क्या बताया?
उत्तर: 1995 में उनकी पहली बेटी का जन्म हुआ, तब दूध की कीमत सिर्फ 5 रुपये थी, लेकिन कई बार उनके पास इतने पैसे भी नहीं होते थे। ऑडिशन के लिए दोस्तों से उधार लेते थे, दोस्त का स्कूटर उधार लेकर जाते थे और पेट्रोल के पैसे न होने पर बस स्टॉप तक पैदल जाते थे।
प्रश्न: क्या अरुणा ईरानी ने उनकी मदद की थी?
उत्तर: आदि के मुताबिक अरुणा को उनके हालात का पता था और उन्होंने कई बार मदद की पेशकश की, लेकिन आदि ने हर बार मना कर दिया।
प्रश्न: Adi Irani की प्रमुख फिल्में कौन-सी हैं?
उत्तर: ‘त्रिश्ना’ (1978), ‘अनाड़ी’ (1993), ‘बाज़ीगर’ (1993), ‘बादशाह’ (1999), ‘अनाड़ी नंबर 1’ (1999), ‘वेलकम’ (2007) और ‘ए थर्सडे’ (2022)। टीवी शो ‘प्रधानमंत्री’ में उन्होंने वी. पी. मेनन की भूमिका निभाई थी।
