Shah Rukh Khan, Ajay Devgn और Tiger Shroff को विमल इलायची केस में एक और सुनवाई, Tukaram Mundhe बोले कानून सबके लिए बराबर
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Shah Rukh Khan, Ajay Devgn और Tiger Shroff को विमल इलायची केस में एक और सुनवाई, Tukaram Mundhe बोले कानून सबके लिए बराबर

महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) के आयुक्त तुकाराम मुंढे ने शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ से जुड़े विमल इलायची विज्ञापन मामले में बड़ा ऐलान किया है। 11 अक्टूबर को इंडिया टुडे कॉन्क्लेव 2026 में बोलते हुए मुंढे ने कहा कि तीनों अभिनेताओं को आगे की कार्रवाई से पहले एक और सुनवाई का मौका दिया जाएगा। उन्होंने FDA की कार्रवाई का बचाव करते हुए कहा कि कानून तोड़ने वाले को कानून का सामना करना ही होगा, चाहे वह कितना भी बड़ा स्टार क्यों न हो।

यह बयान ऐसे समय आया है जब 29 सितंबर को मुंढे ने पुष्टि की थी कि Shah Rukh Khan, Ajay Devgn और Tiger Shroff — तीनों ने कारण बताओ नोटिस का जवाब दे दिया है, और सुनवाई की मांग करने वाले दो अभिनेताओं की सुनवाई 28 सितंबर को पूरी हो चुकी थी। अब FDA मामले में आगे की कार्रवाई की प्रक्रिया में है।

Shah Rukh Khan समेत तीनों सितारों पर क्या कार्रवाई हो सकती है?

FDA ने तीनों अभिनेताओं को 11 अगस्त 2026 को कारण बताओ नोटिस जारी किए थे। आरोप था कि विमल इलायची का विज्ञापन, जिसमें तीनों सितारे दिखे, दरअसल विमल पान मसाला का अप्रत्यक्ष या सरोगेट प्रचार हो सकता है — पान मसाला महाराष्ट्र में प्रतिबंधित है। नोटिस में 15 दिनों में जवाब, अभियान रोकने और सोशल मीडिया से प्रचार सामग्री हटाने का निर्देश था।

नोटिस में अभिनेताओं से उनके समर्थन (एंडोर्समेंट) की भूमिका स्पष्ट करने के साथ-साथ विज्ञापन से जुड़े दस्तावेज़ — अनुबंध, कैंपेन ब्रीफ, भुगतान का ब्योरा और उत्पाद की वैधानिकता की जांच (ड्यू डिलिजेंस) के सबूत — मांगे गए थे। Shah Rukh Khan समेत तीनों सितारों पर लागू यह कार्रवाई खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 की धारा 24 पर आधारित है, जो भ्रामक और भटकाने वाले खाद्य विज्ञापनों पर रोक लगाती है। धारा 53 के तहत ऐसे विज्ञापन के प्रकाशन में शामिल लोगों पर 10 लाख रुपये तक का जुर्माना लग सकता है।

मुंढे ने कहा है कि विज्ञापन में दिखने वाले उत्पाद की जिम्मेदारी सिर्फ कंपनी की नहीं होती, बल्कि उसे प्रमोट करने वाले कलाकारों की भी होती है। सेलिब्रिटी एंडोर्सरों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि वे जिस उत्पाद का प्रचार कर रहे हैं, वह कानूनन सही है और उसके दावे सत्य हैं।

टाइमलाइन: विमल इलायची केस अब तक

  • 11 अगस्त 2026: महाराष्ट्र FDA ने शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ को विमल इलायची विज्ञापन पर कारण बताओ नोटिस भेजे; सरोगेट विज्ञापन का आरोप, 15 दिन में जवाब और अभियान रोकने का निर्देश।
  • सितंबर 2026 (मध्य): दिल्ली हाईकोर्ट ने विमल इलायची की निर्माता कंपनी PB Agro LLP की याचिका खारिज कर दी; कोर्ट ने कहा कि क्षेत्राधिकार की कमी के कारण यह याचिका दिल्ली हाईकोर्ट में चलने योग्य नहीं, महाराष्ट्र की अदालतें उपयुक्त मंच हैं।
  • 28 सितंबर 2026: सुनवाई की मांग करने वाले दो अभिनेताओं की सुनवाई पूरी हुई।
  • 29 सितंबर 2026: FDA आयुक्त तुकाराम मुंढे ने पुष्टि की — Shah Rukh Khan, Ajay Devgn और Tiger Shroff तीनों के जवाब मिल गए हैं, FDA आगे की कार्रवाई की प्रक्रिया में है।
  • 11 अक्टूबर 2026: इंडिया टुडे कॉन्क्लेव में मुंढे ने FDA की कार्रवाई का बचाव किया और ऐलान किया कि अंतिम फैसला से पहले तीनों को एक और सुनवाई का मौका दिया जाएगा।

केस के कानूनी पहलू: कौन-सा नियम कहां लागू होता है

प्रावधानकिस पर लागूक्या कहता है
FSS अधिनियम, 2006 — धारा 24भ्रामक खाद्य विज्ञापनभटकाने वाले दावों या प्रस्तुति वाले खाद्य विज्ञापनों पर रोक
FSS अधिनियम, 2006 — धारा 53विज्ञापन प्रकाशक व प्रचारकउल्लंघन पर 10 लाख रुपये तक का जुर्माना संभव
2018 के विज्ञापन नियमसभी खाद्य उत्पादों के विज्ञापनविज्ञापन के दावे सत्य और जांच योग्य होने चाहिए
COTPA, 2003तंबाकू उत्पादों का विज्ञापनतंबाकू उत्पादों के प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष विज्ञापन पर प्रतिबंध
महाराष्ट्र राज्य नियमपान मसालाराज्य में पान मसाला का निर्माण, भंडारण, वितरण और बिक्री प्रतिबंधित

इसका मतलब क्या है?

यह मामला सिर्फ तीन सितारों तक सीमित नहीं है — यह भारत में सेलिब्रिटी एंडोर्समेंट की जवाबदेही पर सबसे स्पष्ट कानूनी संदेशों में से एक बनता जा रहा है। सरोगेट विज्ञापन वह चलन है जिसमें प्रतिबंधित उत्पाद के ब्रांड नाम को अनुमति प्राप्त उत्पाद के जरिए प्रचारित किया जाता है। नियामकों का तर्क है कि दर्शक ब्रांड नाम को प्रतिबंधित उत्पाद से जोड़ लेते हैं, इसलिए यह अप्रत्यक्ष प्रचार भी कानून के दायरे में आता है। FDA का कहना है कि एंडोर्सर के तौर पर कलाकार निर्माता पर उंगली उठाकर अपनी जिम्मेदारी से नहीं बच सकते।

FAQ: विमल इलायची केस से जुड़े सवाल

प्रश्न: क्या विमल इलायची पर प्रतिबंध लगा है?
उत्तर: नहीं, विमल इलायची (इलायची उत्पाद) पर प्रतिबंध नहीं है। विवाद इस बात पर है कि FDA के मुताबिक इस विज्ञापन से महाराष्ट्र में प्रतिबंधित विमल पान मसाला का अप्रत्यक्ष प्रचार होता है।

प्रश्न: क्या तीनों अभिनेताओं पर जुर्माना तय हो गया है?
उत्तर: नहीं। FDA आयुक्त ने कहा है कि आगे की कार्रवाई से पहले तीनों को एक और सुनवाई का मौका मिलेगा, उसके बाद ही अंतिम निर्णय होगा।

प्रश्न: दिल्ली हाईकोर्ट ने कंपनी की याचिका क्यों खारिज की?
उत्तर: कोर्ट ने क्षेत्राधिकार की कमी बताई — नोटिस महाराष्ट्र FDA ने जारी किए थे, इसलिए कंपनी को अपनी शिकायत महाराष्ट्र की अदालतों में उठानी चाहिए।

प्रश्न: अभिनेताओं ने अब तक क्या जवाब दिया?
उत्तर: Shah Rukh Khan समेत तीनों ने नोटिस का जवाब दे दिया है और दो की सुनवाई पूरी हो चुकी है। जवाबों का ब्योरा FDA ने सार्वजनिक नहीं किया है।

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इस खबर के तथ्य स्टोरीबोर्ड18 की पीटीआई-आधारित रिपोर्ट और बॉलीवुड हंगामा के विवरण पर आधारित हैं; खाद्य सुरक्षा कानून की पृष्ठभूमि विकिपीडिया से ली गई है।